‘पानीपत’ फिल्म के विवाद ने किया उग्र रूप धारण

0
159
Panipat Film
Film Panipat

आशुतोष गोवारिकर के निर्देशन में बनी फिल्म पानीपत शुक्रवार को सिनेमाघरों में जारी हुई, जो कि पुरातन ऐतिहासिक पृष्ठभूमि पर बनी हुई है। फिल्म पानीपत में महाराजा सूरजमल जाट का चित्रण गलत तरीके से दिखाए जाने पर राजस्थान व हरियाणा समेत अन्य राज्यों में विशेषकर जाट समुदाय में आक्रोश की लहर उमड़ चुकी है|

पानीपत में कुल 3 गाने है जिसका निर्देशन अजय अतुल ने किया है | इस फिल्म के प्रोडूसर्स सुनीता गोवारिकर , रोहित शेलटकर है | संजय दत्त, अर्जुन कपूर, कीर्ति सानों मुख्य कलाकार की भूमिका में है | पानीपत फिल्म लोगो के दिलों पर राज नहीं कर पायी | बड़े पर्दे पर भले ही थोड़े दिन रही हो पर सोमवार तक भी इसकी कलेक्शन मझ दो करोड़ साठ लाख हो सकी | अगर इस फिल्म का विरोध ना हुआ होता तो आम लोग जो काम फिल्म देखते है उनको पता ही नहीं लग पाता की पानीपत भी कोई फिल्म आयी है |

फिल्म पानीपत में मराठा के शूरवीर योद्धा सदाशिवराव भाऊ अफ़गानों के विरुद्ध युद्ध के लिए महाराजा सूरजमल जाट से सहायता की मांग करते हैं लेकिन बदले में महाराजा सूरजमल कुछ चीज चाहते हैं। अपनी मांग पूरी ना होने पर महाराजा सूरजमल सदाशिवराव के साथ युद्ध क्षेत्र में जाने से इनकार कर देते हैं। इसके अतिरिक्त फिल्म पानीपत में वहां के स्थानीय लोग हरियाणवी और राजस्थानी भाषा का प्रयोग कर रहे हैं जिसको लेकर लोगों को काफी आपत्ति है।

राजस्थान के भरतपुर में इस फिल्म के निर्देशक आशुतोष गोवारिकर के विरुद्ध प्रदर्शन शुरू कर दिए गए हैं और उनके पुतले जलाए गए। जबकि राजस्थान की राजधानी जयपुर में रोष से भरे लोगों का गुस्सा काबू से बाहर हो गया और उन्होंने सिनेमाघरों में तोड़फोड़ और हानि पहुंचाना शुरू कर दिया। जिससे मौका ए वारदात पर पुलिस ने अपना जाप्ता दिखाया और फिल्म देख रहे लोगों को डर के मारे इधर उधर भागने पर मजबूर होना पड़ा। आम नागरिक से लेकर राजस्थान सरकार के पूर्व मुख्यमंत्री, मौजूदा मंत्री और सांसदों तक ने असंतोष व्यक्त किया। इन सभी राजनीति सदस्यों ने फिल्म पानीपत में भरतपुर के महाराजा सूरजमल जाट का गलत तरीके से चित्रण करने पर विरोध किया।

Panipat Film

राजधानी जयपुर के वैशाली नगर में स्थित सिनेमाघर वैभव में फिल्म पानीपत के विरोध में जाट समुदाय के लोगों ने तोड़फोड़ शुरू कर दी। जिससे प्रभावित होकर सिनेमा के प्रबंधक को मजबूरन पुलिस को बुलाना पड़ा। स्थानीय पुलिस ने काफी समझाने के बाद विरोध प्रदर्शन कर रहे लोगों को सिनेमा घर से बाहर किया। इसके चलते सिनेमा में आए अन्य लोगों को विरोध प्रदर्शन का सामना करना पड़ा। एकाएक हुई विरोध प्रदर्शन की घटना से परिवार समेत आए लोग में भय की लहर दौड़ गई।
वहीं जयपुर के प्रसिद्ध सिनेमा राजमंदिर में पानीपत फिल्म के पोस्टर को हटाना पड़ा और वहां भी भारी मात्रा में राजस्थान पुलिस के जवान तैनात है।

राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने फिल्म पानीपत के विवाद पर चिंता व्यक्त की और कहा कि डिस्ट्रीब्यूटर्स से फिल्म पानीपत का विरोध जता रहे जाट समुदाय के लोगों का संवाद होना चाहिए जिससे यह विवाद सुलझाया जा सके। मुख्यमंत्री गहलोत ने अपने ट्विटर खाते से ट्वीट करते हुए कहा कि किसी फिल्म को बनाने से पहले उस फिल्म की टीम को उस फिल्म की कहानी के प्रत्येक पात्र का व्यक्तित्व रूप से सही ज्ञान होना चाहिए ताकि फिल्म जारी होने के बाद में निर्देशक समेत किसी भी अन्य को विवाद का सामना ना करना पड़े। उन्होंने कहा कि कला एवं कलाकार का विशेष सम्मान हो किंतु उनको ध्यान रखना चाहिए कि उनके द्वारा किए गए कला के प्रदर्शन से किसी भी धर्म,जाति,वर्ग के महापुरुषों और देवी-देवताओं का अपमान न हो।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here